यूपी में विश्व बैंक समर्थित कृषि और AI योजनाएँ शुरू
| मुख्य पहलू | विवरण |
|---|---|
| घटना की तिथि | 9 मई, 2025 |
| शुरुआत करने वाले | योगी आदित्यनाथ (उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री) और अजय बंगा (विश्व बैंक के अध्यक्ष) |
| पहलें | यूपी एग्रीस (UP AGREES) और एआई प्रज्ञा (AI Pragya) |
| समर्थनकर्ता | विश्व बैंक |
| यूपी एग्रीस (UP AGREES) | उत्तर प्रदेश त्वरित विकास: लचीली, समान और सतत कृषि के माध्यम से (Uttar Pradesh Accelerated Growth through Resilient, Equitable, and Sustainable Agriculture) |
| यूपी एग्रीस का केंद्र | बुंदेलखंड और पूर्वांचल के 28 जिलों में कृषि नवाचार |
| यूपी एग्रीस के लक्ष्य | प्रौद्योगिकी-संचालित खेती को बढ़ावा देना, उत्पादकता में सुधार करना और किसानों को सशक्त बनाना |
| एआई प्रज्ञा का उद्देश्य | 10 लाख युवाओं को एआई और डिजिटल प्रौद्योगिकियों में प्रशिक्षित करना |
| एआई प्रज्ञा के फोकस क्षेत्र | सरकारी सेवाएं, शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा और कृषि |
| कार्यान्वयन जिले | बस्ती, महाराजगंज, बलिया, गाजीपुर, वाराणसी, चंदौली, मिर्जापुर, सोनभद्र, आदि। |
| महत्व | डिजिटल इंडिया और स्किलिंग इंडिया मिशन के साथ संरेखण (aligns), उत्तर प्रदेश के आर्थिक लक्ष्य को आगे बढ़ाता है |

