एनएचए और आईआईटी कानपुर ने AI स्वास्थ्य अनुसंधान में क्रांति लाने के लिए समझौता किया
| पहलू | विवरण |
|---|---|
| कार्यक्रम | राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (NHA) और आईआईटी कानपुर ने 11 सितंबर 2023 को संघ स्वास्थ्य सचिव श्री अपूर्व चंद्रा की उपस्थिति में एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए। |
| समझौता ज्ञापन की थीम | - स्वास्थ्य अनुसंधान में AI के लिए एक फेडरेटेड लर्निंग प्लेटफॉर्म का विकास।<br>- आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (ABDM) के तहत गुणवत्ता-संरक्षित डेटाबेस, ओपन बेंचमार्किंग प्लेटफॉर्म और सहमति प्रबंधन प्रणाली का निर्माण। |
| प्लेटफॉर्म का संचालन | विकास के बाद, इस प्लेटफॉर्म का संचालन और प्रबंधन NHA द्वारा किया जाएगा। |
| महत्व | - स्वास्थ्य परिणामों में सुधार के लिए डेटा का उपयोग।<br>- बीमारी की मात्रा निर्धारण और निदान के लिए AI मॉडल्स के लिए एक सार्वजनिक बेंचमार्क का निर्माण।<br>- शोधकर्ताओं और स्वास्थ्य पारिस्थितिकी तंत्र के हितधारकों के लिए सहयोग मंच। |
| लाभ | - विश्वसनीय AI मॉडल।<br>- बेहतर डेटा पहुंच।<br>- सांख्यिकीय गुणवत्ता का संरक्षण। |
| ABDM का अवलोकन | - एक मजबूत डिजिटल स्वास्थ्य पारिस्थितिकी तंत्र स्थापित करना।<br>- अस्पतालों, क्लीनिक्स, प्रयोगशालाओं, फार्मेसियों और बीमा कंपनियों को एकीकृत करके रोगी देखभाल में सुधार करना। |
| AI की भूमिका | - बीमारी का निदान, उपचार योजना और रोगी परिणामों में सुधार करके स्वास्थ्य सेवा को क्रांतिकारी बनाना।<br>- ABDM के डिजिटल स्वास्थ्य पारिस्थितिकी तंत्र के साथ जुड़ा हुआ। |

