महत्वपूर्ण खनिजों की वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला की निगरानी और सुदृढ़ीकरण के लिए भारत और ब्रिटेन ने 'क्रिटिकल मिनरल्स ग्लोबल सप्लाई चेन ऑब्जर्वेटरी' लॉन्च किया।
| पहलू | विवरण |
|---|---|
| घटना | भारत-यूके क्रिटिकल मिनरल्स ग्लोबल सप्लाई चेन ऑब्जर्वेटरी (GSCO) का शुभारंभ |
| स्थान | नई दिल्ली, भारत |
| प्रमुख व्यक्तित्व | जी. किशन रेड्डी (भारत के केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री) तथा यवेट कूपर (Yvette Cooper) (यूके की विदेश सचिव) |
| उद्देश्य | वैश्विक महत्वपूर्ण खनिज (Critical Minerals) आपूर्ति श्रृंखलाओं को सुदृढ़ करना तथा दीर्घकालिक संसाधन सुरक्षा सुनिश्चित करना। |
| मुख्य अनुप्रयोग | इलेक्ट्रिक वाहन (EV) बैटरियां, नवीकरणीय ऊर्जा प्रणालियां, सेमीकंडक्टर विनिर्माण, रक्षा प्रौद्योगिकियां, उन्नत इलेक्ट्रॉनिक्स तथा दूरसंचार अवसंरचना। |
| संबद्धता | यह भारत के राष्ट्रीय महत्वपूर्ण खनिज मिशन (National Critical Mineral Mission - NCMM) के अनुरूप है, जिसका उद्देश्य भविष्य की प्रौद्योगिकियों और ऊर्जा सुरक्षा के लिए आवश्यक खनिजों तक पहुंच को मजबूत करना है। |

