भारत अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन (ISA) के अध्यक्ष के रूप में पुनः निर्वाचित हुआ।
| प्रमुख घटना/विशेषता | विवरण |
|---|---|
| ISA के अध्यक्ष के रूप में भारत पुनः निर्वाचित | भारत अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन (ISA) के अध्यक्ष के रूप में तीसरी बार पुनः निर्वाचित हुआ। |
| सह-अध्यक्ष के रूप में फ्रांस पुनः निर्वाचित | फ्रांस ISA के सह-अध्यक्ष के रूप में पुनः निर्वाचित हुआ। |
| ISA का परिचय | - इसकी स्थापना 2015 में भारत और फ्रांस द्वारा की गई थी। |
| मुख्यालय: गुरुग्राम, हरियाणा, भारत। | |
| सचिवालय: गुरुग्राम में स्थित है। | |
| दृष्टिकोण: "एक सूर्य, एक विश्व, एक ग्रिड" (One Sun One World One Grid)। | |
| 3 नवंबर 2026 तक 130 सदस्य देश। | |
| ISA का शुभारंभ | इसे UNFCCC के ढाँचे के अंतर्गत COP21 (पेरिस, नवंबर 2015) में लॉन्च किया गया था। |
| द्वीपीय क्षेत्रों के लिए सौर परियोजनाएँ | सौर ऊर्जा के उपयोग हेतु फिजी, मेडागास्कर, कोमोरोस और सेशेल्स को सहायता। |
| परियोजनाओं में सौर ऊर्जा से संचालित स्वास्थ्य सेवाएँ, स्कूल, स्वच्छ जल, कृषि और जलवायु अनुकूलन क्षमता से संबंधित पहल शामिल हैं। | |
| लघु द्वीपीय विकासशील देशों (SIDS) के लिए हाइब्रिड सौर ऊर्जा एवं ऊर्जा भंडारण समाधान, जिसकी शुरुआत मॉरीशस से होगी। |

