संस्कृत शोध और शिक्षा के माध्यम से भारत-नेपाल संबंध मजबूत करना
| पहलू | विवरण |
|---|---|
| सहयोग का उद्देश्य | भारत-नेपाल द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने के लिए संस्कृत शोध और शिक्षा को आगे बढ़ाना। |
| मुख्य पहल | 1. वार्षिक अंतर्राष्ट्रीय संस्कृत सम्मेलन। |
| 2. नेपाल की पांडुलिपियों के शोध और प्रकाशन के लिए एक संस्कृत अध्ययन केंद्र की स्थापना। | |
| 3. नेपाल में गुरुकुलों के विकास के लिए समर्थन। | |
| 4. नीति अनुसंधान प्रतिष्ठान को नेपाल-भारत संस्कृत अध्ययन केंद्र के रूप में नामित करना। | |
| 5. नेपाल में संस्कृत छात्रों के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम। | |
| समर्थन करने वाले संस्थान | - महर्षि सांदीपनी वेद विद्या प्रतिष्ठान, उज्जैन। |
| - नीति अनुसंधान प्रतिष्ठान, नेपाल। | |
| - केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय, दिल्ली। | |
| अतिरिक्त समर्थन | नेपाल में गुरुकुल पुस्तकालयों को पुस्तकें उपलब्ध कराना। |
| प्रचारित भाषाएँ | संस्कृत, पालि और प्राकृत। |
| सांस्कृतिक विरासत पर ध्यान | भारत और नेपाल की धार्मिक, सांस्कृतिक, दार्शनिक, ऐतिहासिक और पुरातात्विक विरासत। |

