अप्रैल 2024 में भारत ने वैश्विक स्टील उत्पादन में नेतृत्व किया
| पहलू | विवरण |
|---|---|
| घटना | अप्रैल 2024 में भारत ने कच्चे इस्पात उत्पादन में सकारात्मक वृद्धि दर्ज की |
| स्रोत | वर्ल्ड स्टील एसोसिएशन |
| भारत की वृद्धि दर | अप्रैल 2023 की तुलना में 3.9% वृद्धि |
| वैश्विक इस्पात उत्पादन | अप्रैल 2024 में कुल: 155.7 मिलियन टन, अप्रैल 2023 से 5.0% की गिरावट |
| चीन | 85.9 मिलियन टन, 7.2% की गिरावट |
| जापान | 7.1 मिलियन टन, 2.5% की गिरावट |
| अमेरिका | 6.7 मिलियन टन, 2.8% की गिरावट |
| रूस | 6.2 मिलियन टन, 5.7% की गिरावट |
| भारत की वैश्विक रैंक | दूसरा सबसे बड़ा कच्चा इस्पात उत्पादक |
| मुख्य कारक | रेल, सड़क, और बंदरगाहों में बुनियादी ढांचे परियोजनाएं; वाहनों की बढ़ती मांग |
| ऐतिहासिक मील का पत्थर | 1907 में जमशेदपुर में टाटा स्टील की स्थापना |
| भारत की वैश्विक स्थिति | दूसरा सबसे बड़ा कच्चा इस्पात उत्पादक, सबसे बड़ा स्पंज आयरन उत्पादक, तीसरा सबसे बड़ा इस्पात उपभोक्ता |
| वर्ल्ड स्टील एसोसिएशन | 1967 में स्थापित, ब्रसेल्स में मुख्यालय, वैश्विक इस्पात उत्पादन का 85% प्रतिनिधित्व करता है |

